असम राज्य के संबंध में विशेष उपबंध
त्वरित सारांश (TL;DR)
अनुच्छेद 371B (असम राज्य के संबंध में विशेष उपबंध): भाग XXI के तहत विभिन्न राज्यों के क्षेत्रीय विकास, जनजातीय संरक्षण और संक्रमणकालीन संवैधानिक उपबंध।
सरल नागरिक भाषा में अर्थ
संविधान के भाग XXI का अनुच्छेद 371B 'असम राज्य के संबंध में विशेष उपबंध' का उपबंध करता है। यह विभिन्न राज्यों (अनुच्छेद 371 श्रृंखला: महाराष्ट्र, गुजरात, नगालैंड, असम, मणिपुर, आंध्र प्रदेश, सिक्किम, मिजोरम, अरुणाचल प्रदेश, गोवा आदि) के लिए विशेष क्षेत्रीय विकास व सांस्कृतिक संरक्षण, अथवा 1950 में संविधान लागू होने के समय प्रचलित कानूनों और न्यायिक संस्थाओं की निरंतरता (अनुच्छेद 372-392) को निर्धारित करता है।
प्रमुख संवैधानिक उपबंध एवं बिंदु
संवैधानिक प्रावधान (अनुच्छेद 371B): Part XXI के अंतर्गत 'असम राज्य के संबंध में विशेष उपबंध' के लिए बाध्यकारी कानूनी नियम तय करता है
यह एक सीधा और स्पष्ट संवैधानिक निर्देश है जिसका पालन करना सभी संबंधित प्राधिकारियों के लिए अनिवार्य है
इस अनुच्छेद के तहत संवैधानिक पद की शक्तियों का प्रयोग लोकतांत्रिक सलाह और संवैधानिक मर्यादाओं के भीतर ही होता है
अपवाद एवं युक्तियुक्त निर्बंधन (सीमाएं)
अनुच्छेद 372(1) के अनुसार संविधान से पहले के कानून तभी तक लागू रहते हैं जब तक वे संविधान के मौलिक अधिकारों का उल्लंघन न करें।
दैनिक जीवन में यह क्यों महत्वपूर्ण है?
यह भारत की क्षेत्रीय विविधता का सम्मान करता है और विधिक व्यवस्था की निरंतरता सुनिश्चित करता है।
और गहराई से पढ़ना चाहते हैं? आधिकारिक राजपत्रित मूल पाठ या सुप्रीम कोर्ट निर्णय व संविधान सभा बहस देखें: